मालपुरा बस स्टैंड पर टॉयलेट के लिए भी दर-दर भटक रहे यात्री
शाम 6 बजे ही सार्वजनिक शौचालय पर लटक जाते हैं ताले, महिला यात्रियों को सबसे ज्यादा परेशानी; पालिका प्रशासन की निगरानी पर सवाल
मालपुरा (टोंक)। शहर के रोडवेज बस स्टैंड पर यात्रियों की मूलभूत सुविधाओं को लेकर नगर पालिका की व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं। बस स्टैंड परिसर में नगर पालिका की भूमि पर बने सार्वजनिक शौचालय पर शाम होते ही ताले लटक जाने से यात्रियों को टॉयलेट जैसी जरूरी सुविधा के लिए भी इधर-उधर भटकना पड़ रहा है।

जानकारी के अनुसार सार्वजनिक शौचालय का संचालन रोटरी क्लब मालपुरा सिटी संगठन की ओर से किया जा रहा है। आरोप है कि शाम करीब 6 बजे महिला एवं पुरुष दोनों शौचालयों को बंद कर दिया जाता है, जबकि रोडवेज बस स्टैंड पर शाम के बाद भी यात्रियों की आवाजाही लगातार बनी रहती है।
शौचालय बंद होने का सबसे ज्यादा खामियाजा महिला यात्रियों और बुजुर्गों को भुगतना पड़ रहा है। जरूरी स्थिति में यात्रियों को आसपास सुविधा तलाशनी पड़ती है। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई बार लोगों को मजबूरी में खुले स्थानों का सहारा लेना पड़ता है, जिससे उन्हें असहज और शर्मिंदगी की स्थिति का सामना करना पड़ता है।
सवाल यह है कि जब बस स्टैंड पर बसों का संचालन और यात्रियों की आवाजाही देर रात तक रहती है, तो सार्वजनिक शौचालय शाम 6 बजे ही क्यों बंद कर दिया जाता है? क्या शौचालय के संचालन के लिए निर्धारित समय तय है? यदि है तो उसकी निगरानी कौन करता है? और यदि संचालन किसी संस्था को सौंपा गया है तो क्या नगर पालिका द्वारा उसकी नियमित मॉनिटरिंग की जा रही है?
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि शौचालय बंद रहने की समस्या पहले भी कई बार सामने आ चुकी है, लेकिन स्थायी समाधान नहीं हुआ। अब देखना यह है कि नगर पालिका प्रशासन इस मामले को गंभीरता से लेकर शौचालय को यात्रियों की जरूरत के अनुरूप नियमित रूप से खुला रखने की व्यवस्था करता है या नहीं।


